नई दिल्ली: श्रीलंका और बांग्लादेश के बीच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में आईसीसी वनडे वर्ल्ड कप 2023 का 38वां मैच खेला जा रहा है। इस मैच में पहली बार इंटरनेशनल क्रिकेट में टाइम्ड आउट देखने को मिला। जब किसी बल्लेबाज के आउट होने के बाद दूसरा बल्लेबाज क्रीज पर आता है तो उसे 3 मिनट के अंदर-अंदर अगली बॉल खेलनी होती है।अगर ऐसा नहीं होता तो अगले बल्लेबाज को भी आउट दे दिया जाएगा।
इस पूरी प्रक्रिया को टाइम्ड आउट के नाम से जाना जाता है। इंटरनेशनल क्रिकेट में टाइम्ड आउट का समय 3 मिनट है, लेकिन वर्ल्ड कप में इसे 2 मिनट का रखा गया है। ऐसे में जब आज दिल्ली में श्रीलंका के अनुभवी खिलाड़ी एंजेलो मैथ्यूज बल्लेबाजी करने उतरे तो वह टाइम्ड आउट का शिकार हो गए।
मैथ्यूज बल्लेबाजी के लिए मैदान पर आ गए थे। लेकिन जब वह बल्लेबाजी के लिए रेडी हो रहे थे तो उनके हेल्मेट की स्ट्रैप टूट गई थी। ऐसे में उन्होंने नया हेल्मेट डगआउट से मंगवाया। ऐसे में टाइम पूरा हो गया था, और बांग्लादेश के कप्तान शाकिब अल हसन ने अपील कर दी। रूल के मुताबिक, अंपायर को आउट देना पड़ा। इस तरह वह टाइम्ड आउट हो गए।हालांकि इसके बाद विवाद खड़ा हो गया था। शाकिब ने बिल्कुल भी खेल भावना नहीं दिखाई। हालांकि 16 साल पहले भारत के पूर्व कप्तान और दिग्गज बल्लेबाज सौरव गांगुली टाइम्ड आउट होते-होते बचे थे।
सौरव गांगुली 16 साल पहले हो जाते टाइम्ड आउट का शिकार
2007 में भारत साउथ अफ्रीका के साथ केप टाउन में टेस्ट मैच खेल रही थी। भारत ने इस मैच में विकेट खोई तो अगले बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर थे। तीसरे दिन फील्डिंग के दौरान मैदान से बाहर चले जाने के कारण सचिन सुबह 10 बजकर 48 मिनट से पहले बल्लेबाजी नहीं कर सकते थे।
ऐसे में उनकी जगह वीवीएस लक्ष्मण को आना था। लेकिन वह शावर ले रहे थे। ऐसे में फिर सौरव गांगुली को बल्लेबाजी करने आना था। लेकिन वह बिल्कुल भी तैयार नहीं थे। वह ट्रैकसूट में थे। ऐसे में वह जल्दी-जल्दी बल्लेबाजी करने उतरे। लेकिन जब तक वह फील्ड पर आए तो उन्हें निर्धारित 3 मिनट से ज्यादा का समय लग गया। वह 3 मिनट लेट थे, यानी 6 मिनट बाद वह बल्लेबाजी करने के लिए उतरे।
हालांकि खेल भावना के तहत साउथ अफ्रीका के कप्तान ग्रीम स्मिथ ने टाइम्ड आउट की अपील नहीं की। अगर वह ऐसा करते तो सौरव गांगुली टाइम्ड आउट होने वाले इंटरनेशनल क्रिकेट में पहले खिलाड़ी बन जाते।
क्रिकेट में क्या है टाइम आउट का नियम, कैसे बल्लेबाज को दिया जाता है आउट, जानें सब कुछ
नई दिल्ली: आईसीसी वनडे विश्व कप 2023 में श्रीलंका और बांग्लादेश के बीच मैच में अजीबो-गरीब घटना देखने को मिली। मैच में श्रीलंकाई बल्लेबाज एंजलो मैथ्यूज जैसे ही स्टांस लेकर बल्लेबाजी के लिए तैयार होने वाले थे कि, उन्हें आउट करार दे दिया गया। इस घटना के कारण एक बार फिर से क्रिकेट में नियम और खेल भावना को लेकर बहस छिड़ गई है। दरअसल मैथ्यूज को टाइम आउट नियम के तहत आउट करार दिया गया। इसके लिए बांग्लादेश के कप्तान शाकिब अल हसन ने अंपायर से अपील भी की थी।
क्या है टाइम आउट का नियम?
क्रिकेट के नियम में 40.1.1 के अनुसार, बल्लेबाजी टीम का जब कोई विकेट गिरता है या फिर रिटायर होता है। इसके बाद 3 मिनट के भीतर नए बल्लेबाज को अगली बॉल खेलनी होती है। यदि क्रीज नया बल्लेबाज ऐसा नहीं कर पाता है तो उसे टाइम आउट नियम के तहत आउट दिया जाता है। हालांकि यह नियम तब लागू होगा जब बॉलिंग पक्ष की तरफ से इसके लिए अपील करें। नियम 40.1.2 के अनुसार अगर बल्लेबाज तीन मिनट के भीतर मैदान पर ही नहीं उतरता है तो ऐसी स्थिति में भी अंपायर के पास यह अधिकार है कि वह आउट का निर्णय दे सकता है। इसी नियम को टाइम आउट कहा जाता है।
इंटरनेशनल क्रिकेट में हुआ पहली बार टाइम आउट
क्रिकेट में टाइम आउट के नियम के बारे में कई फैंस को शायद पता होगा, लेकिन इंटरनेशनल क्रिकेट में ऐसा पहली बार हुआ जब किसी खिलाड़ी को टाइम आउट के कारण आउट करार दिया गया है। एंजलो मैथ्यूज इस नियम के तहत आउट होने वाले पहले खिलाड़ी बने हैं।हालांकि यह इंटरनेशनल क्रिकेट में पहली बार हुआ है, लेकिन फर्स्ट क्लास क्रिकेट 6 मौकों पर बल्लेबाज को टाइम आउट नियम के तहत आउट करार दिया गया है, जिसमें एक भारतीय बल्लेबाज भी शामिल हैं।
फर्स्ट क्लास में टाइम आउट होने वाले बल्लेबाज
1.एंड्रयू जॉर्डन, ईस्टर्न प्रोविस बनाम ट्रांसवाल, पोर्टएलिजाबेथ, 1987-88
2.हेमूलाल यादव, त्रिपुरा बनाम उड़ीसा, कटक, 1997
3.वीसी ड्रेक्स, बॉर्डर बनाम फ्री स्टेट, ईस्ट लंदन 2002
4.ए जे हैरिस, नॉटिंघमशायर बनाम डरहम, नॉटिंघम 2003
5.रयान ऑस्टिन, विंडवर्ड आइलैंड बनाम कम्बाइंड कैम्पस एंड कॉलेज, सेंट विंसेंट 2013-14
6.चार्ल्स कुंजे, माटाबेलेलैंड टस्कर्स बनाम माउंटेनियर्स, बुलावाया 2017


