स्पोर्ट्स डेस्क/राजस्थान रॉयल्स (RR) फ्रेंचाइजी इंग्लैंड की काउंटी टीम यॉर्कशायर को खरीद सकती है। IPL फ्रेंचाइजी ने यॉर्कशायर को खरीदने के लिए 25 मिलियन यूरो (करीब 260 करोड़ रुपए) की बोली लगाई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, क्लब इस डील को एक्सेप्ट करने पर विचार कर रहा है। RR के पैसों से क्लब टीम पर लगे 15 मिलियन यूरो (155 करोड़ रुपए) का कर्ज चुकाएगा।
क्लब के पूर्व चेयरमैन ने लिया था कर्ज
यॉर्कशायर क्लब इस वक्त कर्ज में डूबा हुआ है। क्लब के पूर्व चेयरमैन कोलिन ग्रेव्स ने 15 मिलियन यूरो का कर्ज ले रखा है। इसे ही चुकाने के लिए क्लब को बेचा जा रहा है। पिछले सप्ताह खबरें आई थीं कि फुटबॉल क्लब न्यूकासल के मालिक माइक एश्ले यॉर्कशायर को खरीद लेंगे, लेकिन अब राजस्थान रॉयल्स फ्रेंचाइजी ने नई बोली लगाई है, जो बाकियों के मुकाबले बहुत ज्यादा है।
डील एक्सेप्ट की तो RR के पास होगा पूरा कंट्रोल
यॉर्कशायर ने अगर राजस्थान रॉयल्स की डील एक्सेप्ट कर ली तो टीम पर पूरी तरह से RR का ही कंट्रोल होगा। यॉर्कशायर क्लब 160 सालों से हेडिंग्ले की टीम का मालिक है। डील एक्सेप्ट हुई तो पहली बार किसी विदेशी फ्रेंचाइजी के पास इंग्लिश काउंटी टीम का मालिकाना हक होगा।
यॉर्कशायर फिलहाल IPL की बाकी फ्रेंचाइजी और सऊदी अरब के प्रिंस से लोन की भी डिमांड कर रहा है। अगर उसे लोन मिल गया तो क्लब नहीं बिकेगा, लेकिन लोन लेने के बाद भी क्लब से कर्ज नहीं हटेगा, इसलिए यॉर्कशायर RR के ऑफर को एक्सेप्ट कर सकता है।

‘द हंड्रेड लीग’ की टीम पर भी हो सकता है RR का हक
यॉर्कशायर टीम अपने घरेलू मैच हेडिंग्ले के स्टेडियम में खेलती है। हेडिंग्ले में इंग्लैंड के फ्रेंचाइजी टूर्नामेंट ‘द हंड्रेड’ की नॉर्दर्न सुपरचार्जर्स टीम के होम मैच होते हैं। RR अगर यॉर्कशायर टीम खरीद लेता है तो उसके पास सुपरचार्जर्स टीम के शेयर भी आ जाएंगे, क्योंकि सुपरचार्जर्स टीम के ज्यादातर शेयर यॉर्कशायर के पास ही हैं।
RR फ्रेंचाइजी अगर द हंड्रेंड में भी टीम खरीद लेती है तो उसकी कुल 4 देशों में टीमें हो जाएंगी। IPL में राजस्थान रॉयल्स के अलावा उसके पास SA20 में पार्ल रॉयल्स और CPL में बारबाडोस रॉयल्स की टीम भी है।
