हराने: जिम्बाब्वे के खिलाफ खेले गए तीसरे टी-20 मैच में 15 साल के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अपना दूसरा अर्धशतक जड़कर शानदार प्रदर्शन किया है। हराने में खेले गए इस मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम ने 5 विकेट के नुकसान पर 192 रन बनाए। बाएं हाथ के बल्लेबाज वैभव ने विपक्षी गेंदबाजों की जमकर धुनाई करते हुए एक बार फिर अपनी आक्रामक बल्लेबाजी का नजारा पेश किया। इस दौरान उन्होंने एक ऐसा छक्का जड़ा कि दुनिया देखती रह गई।
सिकंदर रजा की गेंद पर जड़ा 102 मीटर का गगनचुंबी छक्का
इस पारी के दौरान जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा की गेंद पर वैभव सूर्यवंशी द्वारा लगाया गया 102 मीटर का विशाल छक्का चर्चा का विषय बना रहा। 13वें ओवर की तीसरी गेंद पर सूर्यवंशी ने क्रीज से बाहर निकलकर गेंद की लेंथ को भांपा और लॉन्ग-ऑफ दिशा में एक दमदार छक्का जड़ दिया। यह छक्का इतना लंबा था कि पूरा दुनिया देखती रह गई कि 15 साल के बच्चे में इतनी शक्ती कहां से आई। वैभव ने इससे पहले इसी सीरीज में 99 मीटर का छक्का भी जड़ा है।
शतक से चूके, लेकिन बनाए सबसे ज्यादा रन
वैभव सूर्यवंशी अपने पहले इंटरनेशल शतक से वे बेहद करीब आकर चूक गए। वैभव 49 गेंदों में 81 रन बनाकर आउट हुए, जिसमें 8 चौके और 4 छक्के शामिल थे। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 165.31 का रहा। भारतीय टीम में कोई अन्य बल्लेबाज अर्धशतक नहीं जमा सका, और वे टीम के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी रहे।
सीरीज में भारत के लिए बनाए सबसे ज्यादा रन
इस सीरीज से ठीक पहले इसी मैदान पर खेले गए अंडर-19 विश्व कप के फाइनल में उन्होंने 175 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली थी। अब इस टी-20 सीरीज में भी अपने बेहतरीन फॉर्म को जारी रखते हुए वे भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए। तीन मैचों की इस टी-20 सीरीज में वैभव सूर्यवंशी ने 50.33 की औसत और 196.10 के स्ट्राइक रेट से दो अर्धशतकों की मदद से कुल 151 रन बनाए। सीरीज के पहले मैच में उन्होंने महज 19 गेंदों में 50 रन ठोककर अपना पहला अंतरराष्ट्रीय अर्धशतक दर्ज किया था, जिसमें 4 चौके और 4 छक्के शामिल थे। उनके इस प्रदर्शन के कारण उन्हें प्लेयर ऑफ द सीरीज और आखिरी टी20 मैच में प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।


