नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट के इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय जुड़ने जा रहा है, क्योंकि आईपीएल 2026 में अपनी तूफानी बल्लेबाजी से दुनिया को हैरान करने वाले 15 साल के वैभव सूर्यवंशी आगामी 26 जून को आयरलैंड के खिलाफ अपना इंटरनेशनल डेब्यू कर सकते हैं। वैभव को पहली बार टीम इंडिया की सीनियर टीम में शामिल किया गया है, जो उनके करियर के लिए एक बड़ी छलांग है। भारतीय टीम अपने यूके दौरे की शुरुआत आयरलैंड के खिलाफ दो टी20 मैचों से करेगी, जिसके बाद वह इंग्लैंड के खिलाफ पांच टी20 मैचों की सीरीज खेलेगी। इन सात मुकाबलों के साथ-साथ इस साल होने वाले एशियन गेम्स के लिए भी वैभव को भारत की टी20 टीम में शामिल किया गया है, जहां उनका प्लेइंग इलेवन में खेलना लगभग तय माना जा रहा है।
छोटे भाई आशीर्वाद का मैदान पर तूफान, महज 119 गेंदों में कूटे 168 रन
एक तरफ जहां बड़े भाई का करियर रॉकेट की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है, वहीं दूसरी तरफ उनके 10 साल के छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी ने भी घरेलू क्रिकेट के मैदान पर अपनी आतिशी बल्लेबाजी से तहलका मचा दिया है। आशीर्वाद ने एक स्थानीय क्रिकेट मैच के दौरान विपक्षी गेंदबाजों की धज्जियां उड़ाते हुए महज 119 गेंदों में 168 रनों की शानदार पारी खेल डाली। 141.18 के स्ट्राइक रेट से खेली गई इस धमाकेदार पारी के दौरान इस नन्हे खिलाड़ी ने 19 चौके और 6 गगनचुंबी छक्के जड़े। आशीर्वाद के इस शानदार शतक की बदौलत उनकी टीम ने निर्धारित 40 ओवरों में 311 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया, जिसके बाद बड़े भाई वैभव ने भी सोशल मीडिया पर स्टोरी शेयर कर अपने छोटे भाई की इस उपलब्धि पर गर्व जताया।
पिता का बड़ा सपना, आशीर्वाद को दो साल में बनाएंगे इंटरनेशनल खिलाड़ी
सूर्यवंशी परिवार में क्रिकेट की यह प्रतिभा कोई इत्तेफाक नहीं है, बल्कि इसके पीछे बच्चों के पिता संजीव सूर्यवंशी की कड़ी मेहनत और विजन है। संजीव ने हाल ही में अपने इरादे साफ करते हुए कहा था कि वह अगले दो साल के भीतर अपने सबसे छोटे बेटे आशीर्वाद को भी वैभव की तरह ही देश का एक टॉप-क्लास खिलाड़ी बनाना चाहते हैं। आशीर्वाद भी अपने पिता के इस सपने को पूरा करने में जी-जान से जुटे हैं, जिसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि इस 168 रनों की पारी से कुछ दिन पहले ही उन्होंने एक अन्य मैच में केवल 87 गेंद खेलकर 103 रनों की एक और शतकीय पारी खेली थी। आपको बता दें कि वैभव के कुल तीन भाई हैं, जिनमें उज्जवल और विशाल उनसे बड़े हैं, जबकि आशीर्वाद सबसे छोटे हैं


