अहमदाबाद।टी20 वर्ल्ड कप 2026 का आगाज होने से पहले ही भारतीय टीम को जो डिफेंडिंग चैंपियन भी है उसे ट्रॉफी जीतने का प्रबल दावेदार माना जा रहा था। सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में खेलते हुए टीम इंडिया ने भी सभी की उम्मीद पर पूरी तरह से खरा उतरने के साथ 8 मार्च को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में होने वाले फाइनल मुकाबले के लिए अपनी जगह को पक्का कर लिया है।
हालांकि टीम इंडिया के लिए इस बार टूर्नामेंट में सफर थोड़ा उतार-चढ़ाव भरा रहा है, जिसमें एक समय सेमीफाइनल तक में जगह पक्की नहीं दिख रही थी, लेकिन भारतीय टीम ने अपने प्रदर्शन से ना सिर्फ सभी अटकलों पर विराम लगाया बल्कि खिताबी मैच के लिए भी एंट्री कर ली है। ऐसे में हम आपको टीम इंडिया का टी20 वर्ल्ड कप 2026 में फाइनल मुकाबले तक के सफर के बारे में बताने जा रहे हैं।
यूएसए के खिलाफ जीत से की टूर्नामेंट में शुरुआत, कप्तान सूर्या का दिखा कमाल
भारतीय टीम ने आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अपने सफर का आगाज ग्रुप-ए में यूएसए के खिलाफ मुकाबले के साथ किया। इस मैच में टीम इंडिया के कप्तान सूर्यकुमार यादव का बल्ले से कमाल देखने को मिला था, जिसमें उन्होंने 84 रनों की बेहतरीन नाबाद पारी खेली थी। इसके दम पर टीम इंडिया पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर्स में 9 विकेट के नुकसान पर 161 रनों का स्कोर बनाने में कामयाब रही थी। वहीं टारगेट का पीछा करने उतरी यूएसए की टीम 20 ओवर्स में 132 रन ही बनाने में कामयाब हो सकी, जिसके दम पर भारतीय टीम ने मुकाबले को 29 रनों से अपने नाम किया।
नामीबिया को 93 रनों से दी मात, हार्दिक पांड्या का दिखा ऑलराउंड प्रदर्शन
टीम इंडिया ने टूर्नामेंट में अपना दूसरा मुकाबला ग्रुप स्टेज में नामीबिया की टीम के खिलाफ दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला। इस मैच में भारतीय टीम को पहले बल्लेबाजी करने का मौका मिला और उन्होंने 20 ओवर्स में 9 विकेट के नुकसान पर 209 रनों का स्कोर बनाया, जिसमें हार्दिक पांड्या के बल्ले से 28 गेंदों में 52 रनों की बेहतरीन पारी देखने को मिली। इसके बाद टारगेट का पीछा करने उतरी नामीबिया की टीम 18.2 ओवर्स में 116 रन बनाकर सिमट गई, जिसके दम पर टीम इंडिया ने इस मुकाबले को 93 रनों से अपने नाम किया। वहीं गेंदबाजी में भी हार्दिक पांड्या 2 विकेट लेने में कामयाब रहे थे।
पाकिस्तान को चटाई धूल, ईशान किशन ने निभाई अहम भूमिका
इस टूर्नामेंट की शुरुआत होने से पहले जिस मुकाबले का सबसे ज्यादा बेसब्री से इंतजार किया जा रहा था, वह भारत और पाकिस्तान के बीच में कोलंबो के आर प्रेमदासा स्टेडियम में 15 फरवरी को खेला गया। इस मैच में टीम इंडिया टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी जिसमें उन्होंने कोलंबो की धीमी पिच पर 20 ओवर्स में 7 विकेट के नुकसान पर 175 रनों का स्कोर बनाया। भारतीय टीम की तरफ से बल्लेबाजी में ईशान किशन का कमाल देखने को मिला जिन्होंने 77 रनों की बेहतरीन पारी खेली। वहीं पाकिस्तान की टीम टारगेट का पीछा करते हुए 18 ओवर्स में 114 रन बनाकर ढेर हो गई। इसी के साथ जहां टीम इंडिया ने मुकाबले को 61 रनों से अपने नाम किया तो वहीं सुपर-8 के लिए भी अपनी जगह पक्की करने में कामयाब रहे।
नीदरलैंड्स को ग्रुप स्टेज के आखिरी मुकाबले में दी 17 रनों से मात
भारतीय टीम ने ग्रुप स्टेज का आखिरी मुकाबला नीदरलैंड्स की टीम के खिलाफ अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला। इस मैच में टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर्स में 6 विकेट के नुकसान पर 193 रनों का स्कोर बनाया था, जिसमें शिवम दुबे के बल्ले से 66 रनों की बेहतरीन पारी देखने को मिली। टारगेट का पीछा करते हुए नीदरलैंड्स की टीम 20 ओवर्स में 7 विकेट के नुकसान पर 176 रन ही बना सकी, जिसमें टीम इंडिया 17 रनों से इस मुकाबले को जीतने में कामयाब रही।
साउथ अफ्रीका से सुपर-8 के पहले मैच में मिली 76 रनों की बड़ी
सुपर-8 में टीम इंडिया ने अपना पहला मुकाबला साउथ अफ्रीका की टीम के खिलाफ अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला। इस मैच में अफ्रीकी टीम ने टॉस जीतने के बाद पहले बल्लेबाजी करने का फैसला लेते हुए 20 ओवर्स में 7 विकेट के नुकसान पर 187 रनों का स्कोर बनाया। भारतीय फैंस को इस टारगेट के बाद आसान जीत की उम्मीद थी, लेकिन टीम इंडिया की तरफ से बल्लेबाजी में काफी खराब प्रदर्शन देखने को मिला, जिसमें पूरी टीम 18.5 ओवर्स में 111 रन बनाकर सिमट गई। इस मैच में 76 रनों से मिली बड़ी हार के चलते सेमीफाइनल में पहुंचना भी मुश्किल लगने लगा था।
जिम्बाब्वे को दी 72 रनों से मात और सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीद बनाए रखी
साउथ अफ्रीका के खिलाफ सुपर-8 का मुकाबला गंवाने के बाद टीम इंडिया को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए बाकी बचे दोनों ही मैचों को जीतना जरूरी हो गया था। दूसरा मुकाबला टीम इंडिया ने चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में जिम्बाब्वे की टीम के खिलाफ खेला। इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम ने 20 ओवर्स में 4 विकेट के नुकसान पर 256 रनों का स्कोर बनाया, जिसमें अभिषेक शर्मा ने 55 और हार्दिक पांड्या ने नाबाद 50 रनों की बेहतरीन पारी खेली थी। इसके बाद जिम्बाब्वे की टीम टारगेट का पीछा करते हुए 20 ओवर्स में 6 विकेट के नुकसान पर 184 रनों के स्कोर तक ही पहुंचने में कामयाब हो सकी, जिसके साथ ही टीम इंडिया ने 72 रनों से इस मैच को अपने नाम किया।
वेस्टइंडीज को 5 विकेट से मात देने के साथ सेमीफाइनल में पक्की की जगह
भारतीय टीम ने सुपर-8 में अपना आखिरी मैच वेस्टइंडीज के खिलाफ कोलकाता के ईडन गार्डन्स स्टेडियम में खेला जो एक वर्चुअल क्वार्टर फाइनल की तरह था। इस मैच में विंडीज टीम को पहले बल्लेबाजी करने का मौका मिला और उन्होंने 20 ओवर्स में 4 विकेट के नुकसान पर 195 रनों का स्कोर बनाया। इसके बाद टारगेट का पीछा करने उतरी टीम इंडिया की तरफ से संजू सैमसन ने बल्ले से अहम भूमिका निभाने के साथ 97 रनों की बेहतरीन नाबाद पारी खेली और 5 विकेट से इस मुकाबले में जीत दिलाने के साथ सेमीफाइनल के लिए जगह भी पक्की करा दी।
सेमीफाइनल में इंग्लैंड से हुई कांटे की टक्कर, 7 रनों से दर्ज की जीत और फाइनल में मारी एंट्री
टीम इंडिया का सेमीफाइनल में सामना मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में इंग्लैंड की टीम से हुआ। टॉस हारने के बाद बल्लेबाजी के लिए मुफीद पिच पर पहले खेलने उतरी भारतीय टीम की तरफ से बेहतरीन प्रदर्शन देखने को मिला, जिसमें एकबार फिर से संजू सैमसन ने अहम भूमिका अदा की। टीम इंडिया ने जहां 20 ओवर्स में 253 रनों का स्कोर बनाया तो वहीं संजू सैमसन ने 89 रनों की पारी खेली। टारगेट का पीछा करते हुए इंग्लैंड की तरफ से भी बल्लेबाजी में जबरदस्त प्रदर्शन देखने को मिला लेकिन वह 20 ओवर्स में 246 रनों के स्कोर तक ही पहुंचने में कामयाब हो सके, जिसमें टीम इंडिया ने 7 रनों से ये मुकाबला अपने नाम करने के साथ फाइनल में एंट्री कर ली।


