BCCI और बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड यानी BCB अगले महीने से खेले जाने वाले ICC T20 वर्ल्ड कप 2026 को लेकर पिछले कई दिनों से आमने-सामने हैं। बांग्लादेश ने वर्ल्ड कप में हिस्सा लेने के लिए अपनी टीम को भारत भेजने से इनकार कर दिया है।
ऐसे में ICC इस मुद्दे को सुलझाने में लगा हुआ है, ताकि टूर्नामेंट का आयोजन तय समय पर हो सके। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ICC को लेटर भी लिख चुका है, जिसमें वेन्यू बदलने की मांग की गई है। हालांकि, ICC की ओर से अब तक कोई अपडेट सामने नहीं आया है। इस बीच बांग्लादेश सरकार के स्पोर्ट्स एडवाइजर आसिफ नजरुल का बड़ा बयान सामने आया है।
भारत के बाहर कहीं भी खेलने को तैयार
बांग्लादेश सरकार के स्पोर्ट्स एडवाइजर ने कहा है कि वे भारत को छोड़कर किसी भी जगह T20 वर्ल्ड कप मैच खेलने के लिए तैयार हैं। नजरुल ने 12 जनवरी को बांग्लादेश फुटबॉल फेडरेशन में मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने पहले ही कहा था कि इंडिया का मतलब इंडिया है। हम इंडिया की बात कर रहे हैं; हमने कोलकाता नहीं कहा। तो हमारा स्टैंड यह है कि अगर आप इसे कोलकाता से बदलकर कोई दूसरी जगह देते हैं, श्रीलंका दिया जा सकता है, कोई दिक्कत नहीं है।
ICC की ओर से जवाब का हो रहा इंतजार
उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता कि यह सच है या झूठ, कि पाकिस्तान ने हमारे टूर्नामेंट होस्ट करने का ऑफर दिया है। इसे पाकिस्तान में करवा लो, कोई दिक्कत नहीं। इसे यूनाइटेड अरब अमीरात में करवा लो, कोई दिक्कत नहीं। नजरुल ने कहा कि ICC की सिक्योरिटी असेसमेंट रिपोर्ट में बताया गया है कि अगर वे मुस्तफिजुर रहमान को अपनी टीम में चुनते हैं, तो दिक्कतें आ सकती हैं, जबकि उनके फैन्स अपनी नेशनल जर्सी पहनकर घूम नहीं सकते। हमने दो लेटर भेजे हैं और लेटर भेजने के बाद हम ICC से जवाब का इंतजार कर रहे हैं।
ICC पर लगाया बेबुनियाद आरोप
उन्होंने कहा कि क्रिकेट खेलने पर किसी का एकाधिकार नहीं होना चाहिए। किसी पूरे खेल या टूर्नामेंट का भविष्य मार्केट मैनेजमेंट के आधार पर तय नहीं किया जा सकता। अगर ICC सच में एक ग्लोबल ऑर्गनाइजेशन बनना चाहता है, और अगर ICC भारत के इशारों पर नहीं चलता है, तो हमें श्रीलंका में T20 वर्ल्ड कप में खेलने का मौका दिया जाना चाहिए। हम इस मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करेंगे और जब हमारी टीम के एक खिलाड़ी के लिए खेलने का माहौल नहीं है और भारत का क्रिकेट बोर्ड आक्रामक सांप्रदायिक ताकतों के सामने झुक जाता है और कहता है कि मुस्तफिजुर को यहां खेलने की इजाजत नहीं मिलनी चाहिए, तो ICC को और क्या सबूत चाहिए, यह उनकी समझ में नहीं आता।


