विराट कोहली ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। वो एक ग्लोबल ब्रांड भी है। एक ब्रांड के रूप में, कोहली ने अपने ऑन-फील्ड अचीवमेंट्स, करिश्माई व्यक्तित्व और स्ट्रैटेजिक बिजनेस वेंचर्स को मिलाकर एक पावरफुल और मार्केटेबल आइडेंटिटी बनाई है।
विराट कोहली कैसे बने ग्लोबल ब्रांड:प्यूमा-ऑडी के एंडोर्समेंट के साथ रॉगन जैसे वेंचर के मालिक, ब्रांड वैल्यू में शाहरुख को भी पीछे छोड़ चुके

विराट कोहली ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। वो एक ग्लोबल ब्रांड भी है। एक ब्रांड के रूप में, कोहली ने अपने ऑन-फील्ड अचीवमेंट्स, करिश्माई व्यक्तित्व और स्ट्रैटेजिक बिजनेस वेंचर्स को मिलाकर एक पावरफुल और मार्केटेबल आइडेंटिटी बनाई है।
यहां हम 5 पॉइंट में विराट कोहली को ग्लोबल ब्रांड बनाने वाली बातें बता रहे हैं…
1. एक्सिलेंस और परफॉर्मेंस
कोहली को क्रिकेट इतिहास के सबसे महान बल्लेबाजों में से एक माना जाता है, जिन्होंने 27,000 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय रन बनाए हैं। इसमें 82 शतक (30 टेस्ट, 51 वनडे, 1 टी20आई) शामिल हैं। उनकी कंसिसटेंसी, आक्रामक बल्लेबाजी शैली और रिकॉर्ड तोड़ने वाले प्रदर्शन (जैसे, सबसे तेज 8,000-13,000 वनडे रन) ने उन्हें टॉप टियर एथलीट के रूप में प्रतिष्ठित किया है।
विराट कोहली कैसे बने ग्लोबल ब्रांड:प्यूमा-ऑडी के एंडोर्समेंट के साथ रॉगन जैसे वेंचर के मालिक, ब्रांड वैल्यू में शाहरुख को भी पीछे छोड़ चुके

विराट कोहली ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। वो एक ग्लोबल ब्रांड भी है। एक ब्रांड के रूप में, कोहली ने अपने ऑन-फील्ड अचीवमेंट्स, करिश्माई व्यक्तित्व और स्ट्रैटेजिक बिजनेस वेंचर्स को मिलाकर एक पावरफुल और मार्केटेबल आइडेंटिटी बनाई है।
1. एक्सिलेंस और परफॉर्मेंस
कोहली को क्रिकेट इतिहास के सबसे महान बल्लेबाजों में से एक माना जाता है, जिन्होंने 27,000 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय रन बनाए हैं। इसमें 82 शतक (30 टेस्ट, 51 वनडे, 1 टी20आई) शामिल हैं। उनकी कंसिसटेंसी, आक्रामक बल्लेबाजी शैली और रिकॉर्ड तोड़ने वाले प्रदर्शन (जैसे, सबसे तेज 8,000-13,000 वनडे रन) ने उन्हें टॉप टियर एथलीट के रूप में प्रतिष्ठित किया है।
2. फिटनेस और डिसिप्लीन
कोहली एक फिटनेस आइकॉन हैं, जो अपनी रिगरस ट्रेनिंग और डाइट्री डिसिप्लिन (जैसे, शाकाहारी जीवन शैली को अपनाना) के लिए जाने जाते हैं। एक युवा खिलाड़ी से फिटनेस-केंद्रित एथलीट में उनका परिवर्तन फैंस को इंस्पायर करता है।

3. पैशन और ऑथेंटिसिटी
कोहली का मैदान पर एग्रेसिव सेलिब्रेशन्स वाला व्यक्तित्व उनके पैशन को दिखाता है और फैंस को कनेक्ट करता है। वहीं मैदान के बाहर, उनकी स्पष्ट बातचीत, परोपकार (जैसे, विराट कोहली फाउंडेशन) और मानसिक स्वास्थ्य के बारे में ओपननेस उनकी ऑथेंटिक और ह्यूमनाइज्ड ब्रांड इमेज बनाती है।
4. यूथ अपील
36 साल की उम्र में कोहली की मॉडर्न लाइफस्टाइल, फैशन सेंस और सोशल मीडिया पर मौजूदगी यंगर ऑडियंस को उनसे जोड़ती है। दिल्ली में उनकी जड़ें और मध्यम वर्गीय परवरिश भी उन्हें भारत के एस्पिरेशनल यूथ से जोड़ती है।
5. ग्लोबल अपील
कोहली के प्रशंसक भारत से बाहर भी हैं। ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और यूएई जैसे देशों में भी उनके फैंस हैं। ये एक खिलाड़ी और स्टाइल आइकॉन के रूप में उनकी यूनिवर्सल अपील से प्रेरित है। बॉलीवुड स्टार अनुष्का शर्मा से उनकी शादी उनके ब्रांड ग्लैमर को बढ़ाती है।
यानी, पर्सनल क्वालिटीज, प्रोफेशनल अचीवमेंट और पब्लिक पर्सेप्शन के कॉम्बिनेशन से विराट कोहली एक ग्लोबल ब्रांड बनने में कामयाब रहे हैं।


