नई दिल्ली: भारत के सबसे सफल स्पिन गेंदबाजों में से एक युजवेंद्र चहल ने अपने टीम से बाहर होने पर बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने देश के लिए आखिरी मैच जनवरी 2023 में खेला था। इसके बाद से वह टीम से बाहर चल रहे हैं। हालांकि, अभी भी उन्हें वनडे और टी20 टीम में वापसी की उम्मीद है। टी20 इंटरनेशनल में शानदार रिकॉर्ड और आक्रामक लेग-स्पिन के बावजूद, चहल को 2024 टी20 विश्व कप में एक भी मैच खेलने का मौका नहीं मिला। 36 वर्षीय चहल ने आकाश चोपड़ा से बातचीत में 2023 विश्व कप टीम में जगह न मिलने की बात खुलकर कही है।
चहल ने बताया कि तत्कालीन कप्तान रोहित शर्मा ने खुद उन्हें समझाया था कि टीम मैनेजमेंट क्या सोच रहा है। उनके मुताबिक, भारत बल्लेबाजी की गहराई बढ़ाना चाहता था और एक अतिरिक्त तेज गेंदबाज का विकल्प भी रखना चाहता था। इससे टीम में उनकी जगह नहीं बन पाई।
2023 से भारत के लिए नहीं खेले हैं चहल
चहल ने कहा, ‘2023 में जब मैं काउंटी क्रिकेट खेलने गया था, तो रोहित ने मुझसे कहा था कि हमें आठवें नंबर तक बल्लेबाज चाहिए। इसलिए टीम उसी हिसाब से बनाई जा रही थी। उन्होंने साफ बताया था कि विश्व कप के लिए एक अतिरिक्त तेज गेंदबाज भी चाहिए। यह बात मुझे शुरू से ही स्पष्ट कर दी गई थी। विश्व कप के बाद मैंने चयन के बारे में सोचना ही छोड़ दिया।’ चहल ने आखिरी बार अगस्त 2023 में टी20 इंटरनेशनल खेला था। आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन करने के बाद उन्हें 2024 टी20 विश्व कप की टीम में जगह तो मिली, लेकिन पूरा टूर्नामेंट बेंच पर ही बैठे रहे।
2021 में टीम से बाहर होने पर बुरा लगा
चहल ने बताया कि आईपीएल 2024 में उन्होंने खुद पर कोई अतिरिक्त दबाव नहीं लिया और सिर्फ खेल का आनंद लिया। उसी प्रदर्शन ने रोहित का ध्यान खींचा। रोहित ने उन्हें कहा था कि वह उन्हें टीम में चाहते हैं और सेलेक्टर्स के साथ मीटिंग में बात करेंगे। चहल ने 2016 में टी20 इंटरनेशनल में डेब्यू किया था। उन्होंने 78 मैचों में 96 विकेट लिए और भारत के टॉप विकेट लेने वालों में शामिल रहे। जब उनसे पूछा गया कि सबसे ज्यादा क्या दुख हुआ, तो चहल ने कहा कि टीम में बिल्कुल न होना, चुने जाने के बाद न खेलने से ज्यादा मुश्किल था। 2021 में वे टीम में ही नहीं थे, इसलिए बहुत बुरा लगा। 2022 में कम से कम टीम में जगह थी।
2022 में टीम में थे चहल
चहल ने कहा, ‘2022 में कम से कम मैं टीम में था। कभी-कभी पता होता है कि कॉम्बिनेशन फिट नहीं बैठेगा। इसलिए ज्यादा सोचा नहीं। लेकिन अंदर से लगता है कि कम से कम एक विश्व कप मैच तो खेलना चाहिए था। रोहित ने कहा था कि मैं तभी खेलूंगा जब कोई खास कॉम्बिनेशन काम करेगा। कम से कम यह बात साफ थी। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के अलावा, चहल ने हाल ही में अगस्त में नॉर्थम्पटनशायर के लिए काउंटी क्रिकेट खेला और उसके बाद प्रथम श्रेणी क्रिकेट से संन्यास ले लिया। उन्होंने 49 मैचों में 148 विकेट लिए।
आईपीएल में सबसे सफल गेंदबाज हैं चहल
आईपीएल में चहल अभी भी सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं। 188 मैचों में 8.05 के इकॉनमी से 233 विकेट लेकर वह टूर्नामेंट के सबसे सफल गेंदबाज बने हुए हैं। टी20 क्रिकेट में भी भारतीय गेंदबाजों में सबसे ज्यादा 396 विकेट उनके नाम हैं।

